अगर आपको रात में देर तक नींद नहीं आती, बार-बार नींद खुल जाती है या सुबह उठने पर भी थकान महसूस होती है, तो इसकी वजह सिर्फ तनाव या खराब दिनचर्या ही नहीं हो सकती। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, शरीर में कुछ जरूरी विटामिन्स की कमी भी नींद की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकती है और अनिद्रा (Insomnia) जैसी समस्या का कारण बन सकती है।
विटामिन्स का नींद से क्या संबंध है?
शरीर में नींद को नियंत्रित करने वाले हार्मोन, जैसे मेलाटोनिन और सेरोटोनिन, के निर्माण और संतुलन में कई विटामिन महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। यदि इन पोषक तत्वों की कमी हो जाए तो शरीर का प्राकृतिक स्लीप साइकिल प्रभावित हो सकता है, जिससे अच्छी और गहरी नींद लेना मुश्किल हो जाता है।
विटामिन D की कमी
विशेषज्ञों के मुताबिक, विटामिन D मस्तिष्क के उन हिस्सों से जुड़ा होता है जो नींद और जागने की प्रक्रिया को नियंत्रित करते हैं। इसकी कमी होने पर नींद बार-बार टूट सकती है, गहरी नींद नहीं आती और सुबह उठने पर शरीर पूरी तरह तरोताजा महसूस नहीं करता।
विटामिन B12 की कमी
विटामिन B12 तंत्रिका तंत्र और शरीर की जैविक घड़ी (Biological Clock) को सामान्य बनाए रखने में मदद करता है। इसकी कमी होने पर रात में देर से नींद आना, दिनभर सुस्ती महसूस होना और नींद का समय बिगड़ना जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
विटामिन B6 की भूमिका
विटामिन B6 शरीर में मेलाटोनिन बनने की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण माना जाता है। इसकी कमी के कारण व्यक्ति को बिस्तर पर जाने के बाद भी देर तक नींद नहीं आती। कुछ अध्ययनों में यह भी पाया गया है कि बुजुर्गों में कम विटामिन B6 स्तर और नींद की समस्याओं के बीच संबंध हो सकता है।
फोलेट (विटामिन B9) भी है जरूरी
फोलेट मस्तिष्क की कोशिकाओं और न्यूरोट्रांसमीटर के संतुलन को बनाए रखने में मदद करता है। इसकी कमी होने पर बेचैनी, बार-बार नींद टूटना और पूरी रात ठीक से आराम न मिलना जैसी परेशानियां बढ़ सकती हैं।
अच्छी नींद के लिए क्या करें?
स्वास्थ्य विशेषज्ञ संतुलित और पौष्टिक आहार लेने की सलाह देते हैं। भोजन में हरी पत्तेदार सब्जियां, मौसमी फल, साबुत अनाज, दूध और डेयरी उत्पाद, अंडे, दालें तथा मेवे शामिल करना फायदेमंद माना जाता है। इसके अलावा, रोजाना 15 से 30 मिनट तक सुबह की धूप लेने से शरीर को प्राकृतिक रूप से विटामिन D प्राप्त करने में मदद मिल सकती है।
कब लें डॉक्टर की सलाह?
यदि पर्याप्त नींद लेने की कोशिश, संतुलित आहार और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के बावजूद अनिद्रा की समस्या लगातार बनी रहती है, तो स्वयं विटामिन सप्लीमेंट्स लेना उचित नहीं है। ऐसी स्थिति में डॉक्टर से परामर्श लेकर आवश्यक ब्लड टेस्ट कराना और उनकी सलाह के अनुसार ही उपचार या सप्लीमेंट्स लेना बेहतर विकल्प होता है।
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