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फेफड़ों को प्रदूषण के असर से बचाएं! डाइट में शामिल करें ये 5 सुपरफूड्स, जो देंगे सुरक्षा और बढ़ाएंगे इम्यूनिटी

 

लगातर बढ़ते हुए प्रदूषण का लेवल फेफड़ों पर दबाव डल रहा है। प्रदूषित हवा, धुआं और टॉक्सिक पदार्थ फेफड़ों में जमा होकर ऑक्सीडेटिव तनाव पैदा करता है, जिस वजह सेहत पर बुरा असर पड़ता है। अगर आप लंबे समय से प्रदूषिक हवाओं के संपर्क में रहने से अस्थमा, ब्रोंकाइटिस, एलर्जी और फेफड़ों के कैंसर का खतरा बढ़ा देता है। वैसे तो हम बाहरी प्रदूषण को रोक नहीं सकते हैं, लेकिन अपनी लाइफस्टाइल और खानपान में बदलाव करके फेफड़ों को हेल्दी रख सकते हैं। यदि आप अपने फेफड़ों को टॉक्सिन्स बचाना चाहते हैं, तो अभी से डाइट में इन 5 सुपरफूड्स को शामिल कर लें।

ब्रोकली

ब्रोकली में एंटी-ऑक्सीडेंट्स, विटामिन-सी और सल्फोराफेन मौजूद होता है। यह शरीर के नेचुरल डिटॉक्स प्रोसेस को तेज करती है। ब्रोकली में पाएं जाने पोषक तत्व फेफड़ों की कोशिकाओं को प्रदूषण से होने वाले हानिकारक नुकसान से बचाता है। इसके अलावा, ब्रोकली श्वसन मार्ग में जमा टॉक्सिंस को दूर करती है।

खट्टे फल

फेफड़ों में जमे टॉक्सिंस पदार्थों को निकालने के लिए खट्टे फल का सेवन जरुर करें। इनमें विटामिन-सी, फ्लोवोनोड्स और सिट्रिक एसिड का अच्छा स्त्रोत है। आप नियमित रुप से संतरा, मौसमी, नींबू या किन्नू जैसे फलों का सेवन कर सकते हैं। यह आपकी इम्यूनिटी को मजबूत करती है। खट्टे फलों में विटामिन-C शक्तिशाली एंटी-ऑक्सीडेंट होता है, जो फ्री-रेडिकल्स को बेअसर करके फेफड़ों के ऊतकों की मरम्मत करता है और प्रदूषण से होने वाली सूजन को भी कम करता है।

अखरोट

फेफड़ों को अंदर से डिटॉक्स करने के लिए आपनी डाइट में अखरोट शमिल करें। अखरोट में ओमेगा-3 फैटी एसिड, प्रोटीन और फाइबर पर्याप्त मात्रा में पाया जाता है। ओमेगा-3 सूजन को कम करके फेफड़ों की कार्यक्षमता बढ़ाता है। रेगुलर अखरोट खाने से सांस फूलना और सूजन जैसी समस्याओं में राहत मिलती है।

ब्लूबेरी

ब्लूबेरी में एंथोसायनिन, विटामिन-K और मैंगनीज जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं। यह शरीर में फ्री रेडिकल्स से होने वाले नुकसान को रोकती हैं। फेफड़ों के साथ ही यह त्वचा और दिल को भी प्रदूषण से बचाता है।

मोरिंगा/तुलसी

जड़ी-बूटियों में नेचुरल एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-वायरल और डिटॉक्सीफाइंग गुण होते हैं। मोरिंगा और तुलसी दोनों ही श्वसन तंत्र को साफ करने में सहायक है। यह फेफड़ों से कफ और हानिकारक कणों से बाहर निकालता है, जिसके बाद आप आसानी से सांस ले सकते हैं। यह इम्यून सिस्टम को मजबूत करता है और फेफड़ों को इंफेक्शन से लड़ता है।

फेफड़ों को हेल्दी रखने के टिप्स

– रोजाना स्टीम जरुर लें। यह प्रदूषण से जमी धूल और टॉक्सिंस को बाहर निकालता है।

– नियमित रुप से प्राणायाम या डीप ब्रीदिंग एक्‍सरसाइज करें, ऐसा करने से फेफड़ों की क्षमता बढ़ती है।

– हाइड्रेशन जरुरी है, इसलिए पर्याप्त मात्रा में पानी जरुर पिएं। यह शरीर से टॉक्सिंस को बाहर निकालता है।

– इसके अलावा, स्‍मोकिंग और सेकंड हैंड स्मोक से बचें। यह आपके फेफड़ों के लिए सेफ नहीं है।

आप अपने घर पर मनी प्लांट, एलोवेरा और स्नेक प्लांट के पौधे लगा सकते हैं, इनसे ऑक्सीजन लेवल बढ़ता है। 

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