कर्नाटक मंत्रिमंडल ने कन्नड़ फिल्म जगत के प्रसिद्ध कलाकारों विष्णुवर्धन और बी. सरोजा देवी को मरणोपरांत ‘कर्नाटक रत्न’ पुरस्कार देने का फैसला किया। कानून और संसदीय कार्य मंत्री एच. के. पाटिल ने बताया कि बैठक में इस संबंध में प्रस्ताव पारित किया गया कि केंद्र को पत्र भेजकर राष्ट्रकवि कुवेम्पु को भारत रत्न देने का अनुरोध किया जाएगा।
बहुभाषी कलाकार रहे हैं विष्णुवर्धन और सरोजा देवी
विष्णुवर्धन का जन्म 18 सितंबर 1950 को हुआ था। उन्होंने 220 से अधिक फिल्मों में अभिनय किया और उन्हें ‘साहस सिंह’ की उपाधि मिली। हिंदी, तमिल, मलयालम और तेलुगु फिल्मों में भी उन्होंने अपनी छाप छोड़ी थी। 30 दिसंबर 2009 को उनका निधन हुआ।
बी. सरोजा देवी भी बहुभाषी अभिनेत्री रहीं। उन्होंने कन्नड़, तमिल और हिंदी फिल्मों में काम किया और फिल्म कित्तूर रानी चेन्नम्मा में अपनी भूमिका के लिए खास पहचान बनाई। उनका जन्म 7 जनवरी 1938 को हुआ था और 14 जुलाई 2025 को उनका निधन हुआ। उन्होंने 200 से अधिक फिल्मों में अभिनय किया।
2022 में मिला था पुनीत राजकुमार को सम्मान
विष्णुवर्धन और सरोजा देवी इस प्रतिष्ठित सम्मान को पाने वाले 10वें और 11वें व्यक्ति होंगे। इससे पहले 2022 में अभिनेता पुनीत राजकुमार को मरणोपरांत ‘कर्नाटक रत्न’ दिया गया था।
अपर भद्रा सिंचाई परियोजना पर विशेष बैठक
मंत्री पाटिल ने बताया कि मंत्रिमंडल ने 16 सितंबर को अपर भद्रा सिंचाई परियोजना पर विशेष बैठक बुलाने का निर्णय लिया है, जिसमें 75,000 एकड़ भूमि का अधिग्रहण भी शामिल है। उपमुख्यमंत्री डी. के. शिवकुमार ने कहा कि अपर कृष्णा सिंचाई परियोजना के तहत अधिग्रहित भूमि के मुआवजे पर भी चर्चा की जाएगी।
हालांकि, पाटिल ने स्पष्ट किया कि तकनीकी और कानूनी पहलुओं पर और विमर्श जरूरी है। इसी कारण इस विषय पर अंतिम चर्चा 16 सितंबर की बैठक में की जाएगी।
Global Express Live